हरियाणा के करनाल जिले का मुख्य सराफा बाजार, जो अपनी गहमागहमी और सुरक्षा के लिए जाना जाता है, वहां महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर एक बड़ी चोरी की वारदात ने व्यापारियों और स्थानीय निवासियों को झकझोर कर रख दिया है। शहर के व्यस्ततम गुरु नानकपुरा (सराफा बाजार) स्थित ‘पूजा ज्वेलर’ नामक दुकान को चोरों ने अपना निशाना बनाया और वहां से करीब 3.5 लाख रुपये मूल्य का सोना लेकर फरार हो गए।
घटना उस समय की है जब पूरा शहर महाशिवरात्रि के उत्सव और छुट्टी के माहौल में था। सराफा बाजार की इस दुकान में मुख्य रूप से आभूषणों की मरम्मत और कारीगरी का काम होता है। दुकान के मालिक सतीश कुमार, जो मूल रूप से उत्तर प्रदेश के निवासी हैं और पिछले एक साल से यहां अपनी दुकान चला रहे हैं, उन्होंने बताया कि वारदात के दिन यानी रविवार को उन्होंने दोपहर करीब 4:00 बजे तक काम किया था। छुट्टी का दिन होने के कारण बाजार की अन्य दुकानें बंद थीं, लेकिन सतीश ने कुछ लंबित काम निपटाने के लिए दुकान खोली थी। शाम को वह दुकान और कॉरिडोर के शटर पर ताला लगाकर सुरक्षित अपने घर चले गए थे।
सोमवार सुबह करीब 10:30 बजे जब सतीश अपनी दुकान खोलने पहुंचे, तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। दुकान का मुख्य ताला टूटा हुआ था और अंदर सारा सामान बिखरा पड़ा था। उन्होंने पाया कि दुकान में रखा लगभग 22 से 25 ग्राम शुद्ध सोना (24 कैरेट), जिसकी बाजार कीमत करीब 3.5 लाख रुपये आंकी जा रही है, गायब था। हैरानी की बात यह है कि चोरों ने दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरों के तार पहले ही काट दिए थे, ताकि उनकी पहचान न हो सके। मौके पर एक ईंट भी मिली है, जिससे संभवतः ताले पर वार कर उसे तोड़ा गया था।
घटना की सूचना मिलते ही सराफा बाजार के अन्य दुकानदार और एसोसिएशन के सदस्य मौके पर एकत्रित हो गए। व्यापारियों ने पुलिस प्रशासन के प्रति अपना रोष व्यक्त करते हुए कहा कि इतने सुरक्षित और व्यस्त बाजार में अगर छुट्टी के दिन ऐसी वारदातें होती हैं, तो दुकानदार खुद को सुरक्षित कैसे महसूस करेंगे। दुकानदारों ने मांग की है कि बाजार में पुलिस की गश्त बढ़ाई जाए, विशेषकर रात के समय और छुट्टियों के दिनों में।
पीड़ित दुकानदार और उनके परिजनों को संदेह है कि यह किसी ऐसे व्यक्ति का काम हो सकता है जिसे दुकान के अंदरूनी कामकाज और वहां रखे सोने के बारे में जानकारी थी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर प्रारंभिक जांच शुरू कर दी है और आसपास की अन्य दुकानों में लगे सीसीटीवी फुटेज खंगालने का प्रयास कर रही है। फिलहाल फॉरेंसिक एक्सपर्ट्स की टीम का भी इंतजार किया जा रहा है ताकि फिंगरप्रिंट्स और अन्य साक्ष्य जुटाए जा सकें। इस चोरी ने न केवल एक छोटे कारीगर की आर्थिक कमर तोड़ दी है, बल्कि पूरे बाजार की सुरक्षा व्यवस्था पर भी गंभीर सवालिया निशान खड़े कर दिए हैं।