हरियाणा के करनाल शहर में बढ़ती यातायात समस्याओं और सड़कों पर बढ़ते दबाव को देखते हुए नगर निगम प्रशासन ने एक बार फिर कड़ा रुख अपनाया है। शहर के मुख्य बाजारों और व्यस्त सड़कों पर अवैध रूप से लगाई गई रेहड़ियों और दुकानों के बाहर किए गए अतिक्रमण के खिलाफ निगम की टीम ने व्यापक अभियान चलाया। इस कार्रवाई के दौरान अधिकारियों ने कई रेहड़ियों को अपने कब्जे में लिया और सड़क किनारे पड़े सामान को जब्त किया।
नगर निगम की टीम भारी पुलिस बल के साथ शहर के विभिन्न चौक-चौराहों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में पहुंची। जैसे ही निगम की गाड़ी और कर्मचारी सड़कों पर उतरे, रेहड़ी संचालकों और दुकानदारों में हड़कंप मच गया। कई लोग अपना सामान समेटकर भागते हुए नजर आए, लेकिन नियमों का उल्लंघन करने वालों पर प्रशासन ने कोई ढिलाई नहीं बरती। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सड़कों पर अवैध कब्जा किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, क्योंकि इससे न केवल यातायात बाधित होता है, बल्कि राहगीरों को भी भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है।
प्रशासन के अनुसार, शहर के सौंदर्यकरण और सुगम आवाजाही के लिए यह कदम उठाना अनिवार्य हो गया था। बार-बार दी गई चेतावनियों के बावजूद कई दुकानदार अपनी सीमा से बाहर सामान रखकर सड़क घेर लेते हैं। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य उन लोगों को कड़ा संदेश देना है जो सार्वजनिक स्थानों का व्यावसायिक उपयोग कर रहे हैं। जब्त की गई रेहड़ियों को नगर निगम के स्टोर में जमा करा दिया गया है और अब उन्हें भारी जुर्माने के बाद ही छोड़ा जाएगा।
स्थानीय निवासियों ने निगम की इस कार्रवाई का स्वागत किया है। लोगों का कहना है कि अवैध अतिक्रमण के कारण शहर की सड़कें संकरी हो गई हैं, जिससे हर समय जाम की स्थिति बनी रहती है। वहीं, दूसरी ओर रेहड़ी संचालकों ने प्रशासन से वेंडिंग जोन बनाने की मांग की है ताकि वे अपनी रोजी-रोटी कमा सकें। निगम अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि आने वाले दिनों में यह अभियान और भी तेज किया जाएगा ताकि करनाल को अतिक्रमण मुक्त बनाया जा सके।