करनाल में कांग्रेस पार्टी द्वारा संगठन को धार देने और आगामी राजनीतिक चुनौतियों का सामना करने के लिए एक महत्वपूर्ण मासिक बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य पार्टी की जड़ों को बूथ स्तर तक मजबूत करना और जनता से जुड़े ज्वलंत मुद्दों पर सरकार को घेरने की रणनीति तैयार करना था। बैठक में जिला और राज्य स्तर के वरिष्ठ नेताओं के साथ-साथ बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं ने भाग लिया।
बैठक की अगुवाई कर रहे युवा नेता दिव्यांशु बुद्धिराजा ने संगठन के विस्तार और कार्यप्रणाली पर विस्तृत चर्चा की। उन्होंने कहा कि जब से पार्टी के भीतर नए संगठन का निर्माण हुआ है, तब से जिला अध्यक्षों और कार्यकर्ताओं की टीम लगातार सक्रिय है। इस मासिक बैठक के दौरान पिछले कार्यक्रमों की समीक्षा की गई और केंद्रीय तथा प्रदेश नेतृत्व द्वारा आगामी समय के लिए दिए गए निर्देशों पर विचार-विमर्श किया गया। बुद्धिराजा ने विशेष रूप से जोर दिया कि पार्टी का अगला लक्ष्य ब्लॉक स्तर की कार्यकारिणी को अंतिम रूप देना है, जिसकी घोषणा बहुत जल्द की जाएगी।
बैठक में केवल संगठनात्मक चर्चा ही नहीं हुई, बल्कि केंद्र और राज्य सरकार की नीतियों की भी कड़ी आलोचना की गई। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चल रहे तनाव और भारत की विदेश नीति पर सवाल उठाते हुए कांग्रेस नेताओं ने कहा कि वर्तमान सरकार देश के हितों की रक्षा करने में विफल साबित हो रही है। अमेरिकी राष्ट्रपति के हालिया बयानों का हवाला देते हुए बुद्धिराजा ने कहा कि यह चिंताजनक है कि भारत की व्यापारिक नीतियां विदेशी दबाव में नजर आ रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की कमजोर विदेश नीति के कारण आज देश के स्वाभिमान को ठेस पहुंच रही है।
घरेलू मोर्चे पर महंगाई को सबसे बड़ा मुद्दा बताते हुए कांग्रेस ने भाजपा सरकार पर हमला बोला। बैठक में कल ही बढ़े गैस सिलेंडर के दामों पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की गई। नेताओं ने कहा कि घरेलू गैस सिलेंडर के दाम में साठ रुपये से अधिक और कमर्शियल सिलेंडर में सौ रुपये से ज्यादा की बढ़ोतरी ने आम आदमी की कमर तोड़ दी है। विशेष रूप से महिला दिवस के अवसर पर गैस के दामों में हुई इस वृद्धि को महिलाओं के लिए सरकार का ‘नकारात्मक उपहार’ करार दिया गया। महिला नेताओं ने कहा कि ‘लाडो लक्ष्मी’ जैसी योजनाएं केवल कागजों तक सीमित हैं, जबकि असलियत में महंगाई रसोई का बजट बिगाड़ रही है।
स्थानीय मुद्दों पर बात करते हुए जिला अध्यक्ष और अन्य पदाधिकारियों ने करनाल की समस्याओं को भी प्रमुखता से उठाया। शहर के फ्लाईओवर निर्माण में हो रही देरी, सरकारी अस्पतालों में डॉक्टरों की हड़ताल और आम जनता को मिल रही स्वास्थ्य सुविधाओं की कमी जैसे विषयों पर चर्चा की गई। कांग्रेस नेताओं ने प्रशासन पर आरोप लगाया कि वह जन समस्याओं के प्रति असंवेदनशील बना हुआ है। डॉक्टरों की हड़ताल पर उन्होंने कहा कि प्रशासन को समय रहते हस्तक्षेप करना चाहिए था ताकि गरीब मरीजों को असुविधा न हो।
इसके अलावा, बैठक में वोट चोरी और मनरेगा से जुड़े मुद्दों को भी फिर से याद किया गया। नेताओं ने कहा कि राहुल गांधी द्वारा उठाए गए वोट चोरी के दावों और मनरेगा की विसंगतियों को लेकर पार्टी का रुख अभी भी अडिग है। कांग्रेस कार्यकर्ताओं को निर्देश दिए गए कि वे इन मुद्दों को जनता के बीच लेकर जाएं और सरकार की विफलताओं का पर्दाफाश करें।
बैठक के अंत में यह संकल्प लिया गया कि आने वाले समय में कांग्रेस महंगाई और बेरोजगारी जैसे मुद्दों पर सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन करेगी। पार्टी का मानना है कि केवल मजबूत संगठन और जनहित के मुद्दों पर सक्रियता के जरिए ही आगामी चुनावों में भाजपा को चुनौती दी जा सकती है। यह बैठक कार्यकर्ताओं में नया उत्साह फूंकने और आने वाले महीनों के लिए एक स्पष्ट रोडमैप तैयार करने के उद्देश्य से सफल रही।