हरियाणा के करनाल जिले के घरौंडा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले गांव अलीपुर (कैमला) में उस वक्त मातम छा गया, जब खबर आई कि वहां के एक 26 वर्षीय युवक मुकेश की स्पेन में मृत्यु हो गई है। अपने और अपने परिवार के उज्ज्वल भविष्य के लिए सात समंदर पार गए मुकेश ने कभी नहीं सोचा था कि उसका यह सपना इतनी जल्दी एक दुखद अंत में बदल जाएगा।
मुकेश की शादी करीब डेढ़ साल पहले प्रेम विवाह (लव मैरिज) के रूप में हुई थी। अपनी पत्नी के साथ मिलकर उन्होंने विदेश में बसने और वहां मेहनत कर परिवार की आर्थिक स्थिति सुधारने की योजना बनाई थी। इस बड़े सपने को पूरा करने के लिए परिवार ने भारी आर्थिक बोझ उठाया और करीब 25 लाख रुपये का कर्ज लेकर ढाई महीने पहले ही दोनों को स्पेन भेजा था। दोनों वहां बिजनेस वीजा पर गए थे और वर्तमान में लेबर के तौर पर काम कर रहे थे।
हादसे वाले दिन मुकेश स्पेन की सड़कों पर पिज्जा डिलीवरी का काम कर रहे थे। काम के दौरान ही उन्हें अचानक दिल का दौरा पड़ा। बताया जा रहा है कि ऑन-रोड वाहन चलाते समय ही उन्हें हार्ट अटैक आया, जिसके बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मुकेश की पत्नी, जो उनके साथ स्पेन में ही हैं, उन्होंने ही फोन पर इस दुखद घटना की जानकारी भारत में मौजूद परिवार को दी।
मुकेश के पिता देवी सिंह, जो स्वयं एक अस्पताल में कार्यरत हैं, ने बताया कि उनका बेटा पूरी तरह स्वस्थ और एक खिलाड़ी की तरह फिट था। उसे स्वास्थ्य संबंधी कोई पुरानी समस्या नहीं थी। पिता के अनुसार, मुकेश और उसकी पत्नी वहां खुश थे और अक्सर फोन पर बात करते हुए कहते थे कि जल्द ही वे वहां सेटल हो जाएंगे और परिवार का सारा कर्ज चुका देंगे। लेकिन भगवान को कुछ और ही मंजूर था।
वर्तमान में मुकेश का परिवार गहरे संकट में है। एक तरफ जवान बेटे को खोने का गम है, तो दूसरी तरफ 25 लाख रुपये का भारी भरकम कर्ज। मुकेश के पिता ने सरकार और आम जनता से गुहार लगाई है कि उनके बेटे के पार्थिव शरीर को भारत लाने में मदद की जाए ताकि वे अंतिम बार अपने बेटे का चेहरा देख सकें और उसका अंतिम संस्कार अपनी जन्मभूमि में कर सकें। परिवार की आर्थिक स्थिति इतनी नाजुक है कि वे शव को वापस लाने का खर्च वहन करने में असमर्थ हैं।
गांव में इस घटना के बाद से ही सन्नाटा पसरा हुआ है। परिजन और ग्रामीण मुकेश की पत्नी के भविष्य को लेकर भी चिंतित हैं, जो अभी स्पेन में अकेली रह गई हैं। परिवार ने अपील की है कि मुकेश के शव को वापस लाने और इस कठिन समय में उनकी आर्थिक सहायता के लिए समाज आगे आए।