करनाल जिले के रामनगर इलाके में उस समय सनसनी फैल गई, जब एक 22 वर्षीय युवक पर सरेआम चाकुओं से जानलेवा हमला कर दिया गया। घायल युवक की पहचान अंकुश के रूप में हुई है, जो अपने परिवार के साथ रामनगर क्षेत्र में रहता है। इस हमले के बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल है और पीड़ित परिवार न्याय की गुहार लगा रहा है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, अंकुश अपने घर के बाहर बैठा हुआ था, तभी अचानक मोटरसाइकिल पर सवार होकर हमलावर वहां पहुंचे। इससे पहले कि अंकुश कुछ समझ पाता, हमलावरों ने उस पर चाकुओं से वार करना शुरू कर दिया। हमला इतना भीषण था कि अंकुश के पेट, छाती, सिर और शरीर के अन्य हिस्सों पर गंभीर चोटें आई हैं। चीख-पुकार सुनकर जब तक आस-पास के लोग और परिजन बाहर आए, हमलावर मौके से फरार होने में कामयाब रहे। लहूलुहान हालत में अंकुश को तुरंत करनाल के सरकारी अस्पताल (ट्रामा सेंटर) ले जाया गया।
अस्पताल परिसर में मौजूद अंकुश के दोस्तों और परिजनों ने बताया कि यह हमला किसी अचानक हुए विवाद का परिणाम नहीं है, बल्कि इसके पीछे एक पुरानी रंजिश है। घायल के मित्रों ने जानकारी दी कि हमलावर भी उसी क्षेत्र के आसपास के रहने वाले हैं। बताया जा रहा है कि इनके बीच कुछ समय पहले भी विवाद हुआ था, लेकिन उस दौरान आपसी समझौता करा दिया गया था। हालांकि, विरोधियों के मन में रंजिश बरकरार थी और उन्होंने मौका पाकर अंकुश को उस समय निशाना बनाया जब वह निहत्था और अकेला था।
ट्रामा सेंटर में प्राथमिक उपचार के दौरान डॉक्टरों ने पाया कि अंकुश के शरीर से काफी अधिक खून बह चुका है, जिससे उसकी स्थिति अत्यंत चिंताजनक हो गई है। पेट और छाती पर लगे घाव गहरे होने के कारण डॉक्टरों ने उसे बेहतर इलाज के लिए तुरंत चंडीगढ़ रेफर कर दिया है। एम्बुलेंस के माध्यम से उसे ले जाते समय अस्पताल में मौजूद उसकी मां और पिता का रो-रोकर बुरा हाल था। परिजनों ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि हमलावरों को जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाए और उनके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए।
इस मामले में पुलिस को आधिकारिक शिकायत दे दी गई है। परिजनों का आरोप है कि हमलावर क्षेत्र में सक्रिय हैं और उन पर पहले भी विवादों के आरोप लगते रहे हैं। पुलिस की प्रारंभिक जांच के अनुसार, हमलावरों की पहचान के लिए सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि जिस तरह से घर के बाहर बैठकर युवक पर हमला हुआ है, वह कानून व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
अस्पताल में मौजूद अन्य रिश्तेदारों ने बताया कि अंकुश अभी युवा है और वह किसी बड़े आपराधिक मामले में शामिल नहीं था। पुरानी बातों को लेकर इस तरह का खूनी खेल खेलना अपराधियों के बेखौफ होने का प्रमाण है। फिलहाल पुलिस की टीमें संदिग्ध ठिकानों पर छापेमारी कर रही हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया जा रहा है और उन्हें किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।
घटना के बाद से रामनगर इलाके में तनाव व्याप्त है। परिजनों का कहना है कि जब तक हमलावर पकड़े नहीं जाते, वे न्याय के लिए संघर्ष करते रहेंगे। अब सबकी नजरें पुलिस की कार्रवाई और अंकुश के स्वास्थ्य सुधार पर टिकी हैं। डॉक्टर उसकी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं, लेकिन घाव गहरे होने के कारण अगले कुछ घंटे बेहद महत्वपूर्ण बताए जा रहे हैं।