हरियाणा का करनाल शहर अब अंतरराष्ट्रीय शिक्षा के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में उभर रहा है। इसी कड़ी में, न्यूजीलैंड के प्रसिद्ध ‘अरा इंस्टीट्यूट ऑफ कैंटरबरी’ (Ara Institute of Canterbury) की ग्लोबल रिक्रूटमेंट मैनेजर डेनिएल गाथा ने करनाल स्थित प्रतिष्ठित इमिग्रेशन संस्थान ‘टर्निंग पॉइंट’ (Turning Point) का दौरा किया। इस दौरे का मुख्य उद्देश्य भारतीय छात्रों को न्यूजीलैंड, विशेष रूप से क्राइस्टचर्च क्षेत्र में शिक्षा और करियर की संभावनाओं से अवगत कराना था।
डेनिएल गाथा ने बताया कि न्यूजीलैंड का दक्षिण द्वीप और विशेष रूप से कैंटरबरी क्षेत्र वर्तमान में विकास के एक नए दौर से गुजर रहा है। हालिया आंकड़ों के अनुसार, इस क्षेत्र में 8,000 से अधिक नई नौकरियों का सृजन हुआ है, जिससे अंतरराष्ट्रीय छात्रों के लिए रोजगार के अवसर अब तक के सबसे उच्चतम स्तर पर पहुंच गए हैं। अरा इंस्टीट्यूट के कार्यक्रम सीधे तौर पर स्थानीय उद्योगों और व्यवसायों से जुड़े हुए हैं। यहाँ अध्ययन करने वाले छात्रों को अपनी पढ़ाई के दौरान ही इंटर्नशिप और प्लेसमेंट के अवसर मिलते हैं, जो अक्सर स्थायी रोजगार में बदल जाते हैं।
न्यूजीलैंड में जीवनशैली के बारे में चर्चा करते हुए डेनिएल ने कहा कि यह देश ‘वर्क-लाइफ बैलेंस’ के मामले में दुनिया में पहले स्थान पर है। क्राइस्टचर्च को ’20 मिनट का शहर’ कहा जाता है क्योंकि यहाँ से बीच, हवाई अड्डा और शहर का केंद्र, सब कुछ मात्र 20 मिनट की दूरी पर स्थित है। यहाँ का वातावरण जीवंत है, जहाँ अंतरराष्ट्रीय स्तर के खेल स्टेडियम, रेस्टोरेंट और सांस्कृतिक कार्यक्रम छात्रों को एक बेहतरीन सामाजिक जीवन प्रदान करते हैं।
शिक्षा के पहलुओं पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने बताया कि अरा इंस्टीट्यूट एक सरकारी और दक्षिण द्वीप का सबसे बड़ा तकनीकी संस्थान है। यहाँ सर्टिफिकेट स्तर से लेकर मास्टर डिग्री तक के 150 से अधिक पाठ्यक्रम उपलब्ध हैं। भारतीय छात्रों के बीच विशेष रूप से बैचलर डिग्री, पोस्ट-ग्रेजुएट डिप्लोमा और मास्टर प्रोग्राम की मांग अधिक रहती है। उन्होंने पिछले सप्ताह न्यूजीलैंड इमिग्रेशन द्वारा घोषित नए ‘पोस्ट-स्टडी वर्क वीजा’ नियमों की भी जानकारी दी, जिससे अब लेवल 5 और 6 के डिप्लोमा धारकों के लिए भी काम के अवसर खुल गए हैं।
विशेष रूप से ‘ग्रीन लिस्ट’ (Green List) प्रोग्राम्स जैसे इंजीनियरिंग, कंस्ट्रक्शन, क्वांटिटी सर्वेइंग, नर्सिंग और हेल्थकेयर में विशेषज्ञों की भारी कमी है। इन क्षेत्रों में पढ़ाई करने वाले छात्रों के लिए न्यूजीलैंड में न केवल नौकरी पाना आसान है, बल्कि भविष्य में नागरिकता प्राप्त करने की राह भी सुगम हो जाती है। इसके अलावा बिजनेस, सप्लाई चेन लॉजिस्टिक्स, प्रोजेक्ट मैनेजमेंट और आईसीटी जैसे क्षेत्रों में भी अपार संभावनाएं हैं।
टर्निंग पॉइंट के निदेशक नरेश ने इस अवसर पर कहा कि उनका संस्थान अरा इंस्टीट्यूट का आधिकारिक प्रतिनिधि है। डेनिएल गाथा का यह दौरा छात्रों और उनकी टीम के लिए अत्यंत प्रेरणादायक रहा। उन्होंने कहा कि अमेरिका, ब्रिटेन और कनाडा जैसे देशों में बढ़ती भीड़ और प्रतिस्पर्धा के बीच न्यूजीलैंड एक शांत, सुरक्षित और विकासशील विकल्प के रूप में उभरा है। टर्निंग पॉइंट की टीम छात्रों को वीजा आवेदन से लेकर सही पाठ्यक्रम के चुनाव तक हर कदम पर विशेषज्ञ मार्गदर्शन प्रदान कर रही है। डेनिएल ने भी करनाल के छात्रों की प्रतिभा और टर्निंग पॉइंट के साथ अपनी साझेदारी को भविष्य में और मजबूत करने की प्रतिबद्धता दोहराई।