1 फरवरी 2026 से देश में कई बड़े आर्थिक और प्रशासनिक बदलाव होने जा रहे हैं, जिनका सीधा असर आपकी रसोई से लेकर बैंक बैलेंस तक पड़ेगा। इस महीने का सबसे बड़ा आकर्षण केंद्रीय बजट 2026 है, जिसे वित्त मंत्री संसद में पेश करेंगी। पूरे देश की निगाहें इस बार इनकम टैक्स में मिलने वाली छूट पर टिकी हैं। माना जा रहा है कि मानक कटौती (Standard Deduction) की सीमा बढ़ाई जा सकती है, जिससे नौकरीपेशा वर्ग को टैक्स में राहत मिलेगी।
रसोई गैस और ईंधन की कीमतें: हर महीने की पहली तारीख की तरह, 1 फरवरी को पेट्रोलियम कंपनियां एलपीजी (LPG) सिलेंडर की कीमतों की समीक्षा करेंगी। उम्मीद जताई जा रही है कि वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमतों को देखते हुए कमर्शियल गैस सिलेंडर के दामों में कटौती हो सकती है, हालांकि घरेलू गैस की कीमतें स्थिर रहने के आसार हैं। इसके साथ ही हवाई ईंधन (ATF) के रेट भी अपडेट होंगे।
किसानों और कर्मचारियों के लिए खुशखबरी: प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (PM Kisan) की 19वीं किस्त का इंतजार कर रहे करोड़ों किसानों के लिए फरवरी का महीना खुशखबरी लेकर आ सकता है। सरकार इस महीने डीबीटी के माध्यम से ₹2000 की किस्त जारी कर सकती है। वहीं, सरकारी कर्मचारियों के लिए 8वें वेतन आयोग (8th Pay Commission) को लेकर बजट में कोई ठोस रोडमैप पेश किया जा सकता है, जो लंबे समय से लंबित मांग रही है।
बैंकिंग और शेयर बाजार: फरवरी 2026 में बसंत पंचमी और महाशिवरात्रि जैसे त्योहारों के कारण अलग-अलग राज्यों में बैंक कई दिनों तक बंद रहेंगे। ग्राहकों को सलाह दी गई है कि वे अपने बैंकिंग कार्य पहले ही निपटा लें। शेयर बाजार (NSE/BSE) में भी घोषित अवकाश रहेंगे, जिसकी सूची आधिकारिक तौर पर साझा कर दी गई है।
निवेश और नियम: बजट के दौरान शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव की संभावना को देखते हुए निवेशकों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। इसके अलावा, क्रेडिट कार्ड के रिवॉर्ड पॉइंट्स और कुछ बैंकों के सर्विस चार्ज से जुड़े नए नियम भी 1 फरवरी से प्रभावी हो रहे हैं।