- श्रीमद्भागवत कथा के पांचवें दिन गोवर्धन लीला का वर्णन, भक्ति में डूबा कथा स्थल
- जय श्रीकृष्ण और गोवर्धनधारी की जय के जयकारों से गूंज उठा पूरा पंडाल, भजनों पर झूमे श्रद्धालुगण
करनाल: ब्रेकिंग न्यूज
समाज में आपसी भाईचारे एवं सुख-समृद्धि के लिए आयोजित सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा ज्ञान यज्ञ के पांचवें दिन कथा स्थल पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। पांचवें दिन भगवान श्रीकृष्ण जी की प्रमुख लीलाओं, विशेष रूप से गोवर्धन लीला का वर्णन किया गया, जिसे सुनकर श्रद्धालु ध्यानपूर्वक कथा श्रवण करते नजर आए। इस श्रीमदभागवत कथा का आयोजन गांव काछवा स्थित सोमेश्वर राईस मिल परिसर में आयोजित करवाया जा रहा है, जिसका समापन 18 जनवरी को भव्य तरीके से किया जाऐगा। पांचवे दिन वृंदावन धाम से पधारे कथाव्यास पूज्य श्री केशव आचार्य महाराज ने अपने सरल शब्दों में बताया कि भगवान श्रीकृष्ण ने गोवर्धन पर्वत उठाकर भक्तों की रक्षा की और अहंकार का त्याग करने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि भागवत कथा से मनुष्य को सही राह मिलती है और भक्ति भाव जागृत होता है।
कथा के दौरान छप्पन भोग का आयोजन
पांचवें दिन कथा के दौरान छप्पन भोग का आयोजन किया गया, जो श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण रहा। भोग अर्पित करते समय पूरा पंडाल जय श्रीकृष्ण और गोवर्धनधारी की जय के जयकारों से गूंज उठा। श्री महाकाली महाकालेश्वर सिद्धपीठ मंदिर के आचार्य पंडित शुभम शास्त्री के सानिध्य में चल रही कथा में महिलाओं और बुजुर्गों ने भी बढ़-चढ़कर भाग लिया। भजनों के दौरान महिलाएं श्रद्धा भाव से झूमती नजर आईं। कथा के पांचवें दिन उद्योगपति राजकुमार तायल, प्रदीप गुप्ता, नगरपालिका चेयरमैन वीरेंद्र बंसल, विनीत बंसल, नितेश मंगल, रमेश शर्मा, रणजीत भारद्वाज, संदीप गुप्ता, रामदास शर्मा, नरेश बंसल, शीशपाल शर्मा सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।