January 10, 2026
9 Jan 7

करनाल में हाल ही में हुई डेढ़ किलो सोना और लाखों की नकदी की बड़ी लूट के मामले को सुलझाने पर स्थानीय सर्राफा एसोसिएशन और पीड़ित परिवार ने पुलिस प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया है। इस सफल ऑपरेशन के बाद एसोसिएशन के प्रतिनिधि और पीड़ित परिवार के सदस्य विशेष रूप से पुलिस अधीक्षक (SP) और पुलिस उपाधीक्षक (DSP) से मिलने पहुँचे। उन्होंने पुलिस टीम की त्वरित कार्रवाई और पेशेवर कार्यशैली की सराहना करते हुए अधिकारियों का अभिनंदन किया।

ज्ञात हो कि कुछ दिन पूर्व शहर के सेक्टर-16 इलाके में एक सर्राफा व्यापारी से नकाबपोश बदमाशों ने हथियारों के बल पर करीब डेढ़ किलो सोना और 15 लाख रुपये की नकदी लूट ली थी। इस सनसनीखेज वारदात के बाद व्यापारियों में भय का माहौल था। हालांकि, पुलिस कप्तान के मार्गदर्शन में सीआईए (CIA) की विभिन्न टीमों ने दिन-रात एक कर तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिरों की मदद से न केवल वारदात का खुलासा किया, बल्कि चारों मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लूटे गए माल का बड़ा हिस्सा भी बरामद कर लिया।

मुलाकात के दौरान सर्राफा एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने कहा कि पुलिस की इस कामयाबी ने यह सिद्ध कर दिया है कि अपराधी चाहे कितना भी शातिर क्यों न हो, वह कानून की पकड़ से दूर नहीं रह सकता। व्यापारियों ने अधिकारियों को बताया कि इस कार्रवाई से न केवल पीड़ित परिवार को न्याय मिला है, बल्कि पूरे शहर के व्यापारिक वर्ग में सुरक्षा का विश्वास फिर से बहाल हुआ है।

पुलिस अधीक्षक ने एसोसिएशन को आश्वासन दिया कि शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखना और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना उनकी प्राथमिकता है। उन्होंने व्यापारियों से भी अपील की कि वे अपने प्रतिष्ठानों में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम रखें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें। इस दौरान पुलिस की जांच टीम के अन्य सदस्यों की मेहनत को भी सराहा गया, जिन्होंने बेहद कम समय में इस गुत्थी को सुलझाकर आरोपियों को सलाखों के पीछे पहुँचाया।

यह पहल पुलिस और जनता के बीच बढ़ते समन्वय का एक सकारात्मक उदाहरण है, जहाँ जनता ने पुलिस की मेहनत को पहचानते हुए उनका उत्साहवर्धन किया है। सर्राफा एसोसिएशन ने भविष्य में भी पुलिस प्रशासन को अपना पूर्ण सहयोग देने का संकल्प दोहराया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.