Advertisement


आमरण अनशन पर बैठे 17 जेबीटी शिक्षकों में से 11 अनशनकारियों को सर्व कर्मचारी संघ के पदाधिकारियों ने जूस पिला कर अनशन खुलवा दिया। सात शिक्षक अब भी आमरण अनशन पर डटे हुए हैं। कर्मचारी नेताओं के आग्रह पर शिक्षकों ने अपना अनशन तोड़ा है। इन शिक्षकों का कहना है कि कर्मचारी नेताओं के अनुरोध और मानवीय मूल्यों को ध्यान में रखते हुए उन्होंने अनशन खोला है। उल्लेखनीय है कि इन शिक्षकों की तबियत दिन प्रतिदिन बिगड़ती जा रही थी। हालत ज्यादा खराब होने पर कई बार कल्पना चावला मेडिकल कालेज में भर्ती करवा कर शिक्षकों का इलाज करवाने का प्रयास किया गया, लेकिन इन शिक्षकों ने इलाज नहीं करवाया। सर्व कर्मचारी संघ ने शिक्षकों की हालत को देखते हुए उन्हें अनशन खोलने के लिए मजबूर किया। शनिवार को आम आदमी पार्टी के नेताओं और हरियाणा राज्य हिंदी अध्यापक संघ ने भी शिक्षकों को अपना समर्थन दिया और संघर्ष में साथ खड़े होने का ऐलान किया। आम आदमी पार्टी के जिला अध्यक्ष अमित कुमार ने कहा कि एक बार शिक्षकों की ज्वाइनिंग करवा कर नौकरी से हटा देना सरासर अन्याय है। यह कानून का उल्लंघन है। आम आदमी पार्टी 22 अक्तूबर को शिक्षकों के समर्थन में प्रदेशभर में प्रदर्शन करेगी। इस अवसर पर हरियाणा राज्य हिंदी अध्यापक संघ से कृष्ण निर्माण व सरला वर्मा के साथ जेबीटी शिक्षक मुकेश डिडवानिया, राकेश जांगड़ा, सर्वप्रीत, जसमेर, राकेश, सुशील, बीर पाल, महेंद्र पाल, महावीर, दिव्या, पूनम आर्य, रेणु, बबीता, उषा, नीलम, सरिता, सविता, मीनाक्षी आदि मौजूद रहे। 11 शिक्षकों ने खोला अनशन, सात अब भी डटे हैं जिन शिक्षकों ने अनशन खोल लिया है उनमें सुनीता, सीमा, सुशील, सोनू, रिषीपाल, ब्रह्मप्रकाश, सूरजप्रकाश, महेश, सचिन व कृष्ण शामिल हं। बीर सिंह, राजकुमार, सोनू कुंडु, कुलदीप, पंकज रानी, सत्यवान अब भी अनशन पर
डटे हुए हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.