करनाल के मधुबन में नेशनल हाईवे-44 के समीप स्थित डीएवी पुलिस पब्लिक स्कूल न केवल अपनी भव्यता बल्कि अपनी विशिष्ट शिक्षा पद्धति और खेल सुविधाओं के लिए शिक्षा जगत में एक नई पहचान बना रहा है। 15 एकड़ के विशाल और हरे-भरे परिसर में फैला यह स्कूल प्रकृति के साथ सामंजस्य बिठाते हुए बच्चों को एक ऐसा वातावरण प्रदान करता है जहाँ वे शैक्षणिक उत्कृष्टता के साथ-साथ नैतिक मूल्यों और शारीरिक कौशल में भी निपुण बन रहे हैं।
स्कूल की सबसे बड़ी विशेषता इसका संतुलित शैक्षणिक और खेल ढांचा है। यहाँ नर्सरी से 12वीं तक की शिक्षा दी जाती है। डीएवी प्रबंधन के तहत चलने वाले इस संस्थान में आठवीं कक्षा से ही विद्यार्थियों को बोर्ड परीक्षाओं के लिए विशेष रूप से तैयार किया जाता है, जिसके परिणामस्वरूप स्कूल का शैक्षणिक परिणाम प्रतिवर्ष उत्कृष्ट रहता है। इसके साथ ही, स्कूल प्रशासन ने विशेष रूप से उच्च शिक्षा की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों के लिए स्कूल समय के बाद नीट (NEET) और आईआईटी (IIT) जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए निःशुल्क कोचिंग की व्यवस्था भी की है।
खेलों के क्षेत्र में डीएवी पुलिस पब्लिक स्कूल ने रिकॉर्ड तोड़ सफलता हासिल की है। स्कूल की हॉकी टीम ने महज एक वर्ष के भीतर विभिन्न प्रतियोगिताओं में 42 पदक और ट्राफियां जीतकर अपनी श्रेष्ठता सिद्ध की है। स्कूल परिसर में बास्केटबॉल, फुटबॉल, रेसलिंग और स्विमिंग के लिए विश्वस्तरीय मैदान और सुविधाएं उपलब्ध हैं। विशेष बात यह है कि हरियाणा पुलिस विभाग के अनुभवी प्रशिक्षक स्वयं बच्चों को खेलों की बारीकियां सिखाते हैं, जिससे यहाँ के विद्यार्थियों में एक अलग स्तर का अनुशासन और पैशन देखने को मिलता है। हाल ही में स्कूल की एक छात्रा आरुषि ठकराल ने दुबई में आयोजित अंतरराष्ट्रीय तैराकी प्रतियोगिता में भारत का प्रतिनिधित्व कर स्कूल का गौरव बढ़ाया है।
आधुनिक सुविधाओं की बात करें तो स्कूल का किंडरगार्टन विंग वर्तमान में पूरी तरह से वातानुकूलित (एयर कंडीशंड) है। स्कूल प्रबंधन का लक्ष्य है कि अगले एक वर्ष के भीतर पूरे 15 एकड़ के परिसर को वातानुकूलित बना दिया जाए ताकि विद्यार्थियों को पढ़ाई के लिए अनुकूल वातावरण मिल सके। इसके अतिरिक्त, स्कूल में स्मार्ट क्लासरूम, डिजिटल बोर्ड और अत्याधुनिक प्रयोगशालाएं हैं जो शिक्षा को रोचक और प्रभावी बनाती हैं।
स्कूल के प्रधानाचार्य संतोष कुमार तिवारी ने बताया कि स्कूल का उद्देश्य विद्यार्थियों का सर्वांगीण विकास करना है। पुलिस विभाग द्वारा प्रदत्त इंफ्रास्ट्रक्चर और डीएवी की 140 वर्षों की शैक्षणिक विरासत के संगम के कारण स्कूल बहुत ही नॉमिनल फीस में उच्च दर्जे की सुविधाएं प्रदान कर पा रहा है। स्कूल में केवल पुलिस कर्मियों के बच्चे ही नहीं, बल्कि आम नागरिकों के बच्चे भी दाखिला ले सकते हैं।
संस्कारों और नैतिकता को बढ़ावा देने के लिए स्कूल में नियमित रूप से हवन और अन्य पारंपरिक अनुष्ठान आयोजित किए जाते हैं, जो बच्चों को अपनी जड़ों से जोड़ते हैं। स्कूल की बसों की कनेक्टिविटी करनाल शहर के साथ-साथ आसपास के सभी गांवों तक है, जिससे यह स्कूल दूरदराज के विद्यार्थियों के लिए भी सुलभ है। यहाँ के विद्यार्थियों का आत्मविश्वास और उनकी संवाद शैली यह स्पष्ट करती है कि स्कूल केवल किताबों तक सीमित न रहकर बच्चों के व्यक्तित्व निर्माण पर विशेष ध्यान दे रहा है।