नीलोखेड़ी: दिल्ली-चंडीगढ़ नेशनल हाईवे पर बुधवार को एक बड़ा हादसा होने से बाल-बाल बच गया। चंडीगढ़ की ओर जा रही तूड़ी (पशु चारा) से लदी एक ट्रैक्टर-ट्रॉली के चलते-चलते अचानक पीछे के दोनों टायर निकल गए, जिसके कारण अनियंत्रित होकर ट्रॉली हाईवे के बीचों-बीच पलट गई। इस घटना के बाद हाईवे पर यातायात पूरी तरह से ठप हो गया और देखते ही देखते वाहनों की कई किलोमीटर लंबी कतारें लग गईं।
हादसा नीलोखेड़ी पार करते ही घटित हुआ। चश्मदीदों के अनुसार, ट्रैक्टर-ट्रॉली काफी लोड थी और अचानक उसके टायरों के काबिले (नट-बोल्ट) टूटने से दोनों टायर अलग होकर दूर जा गिरे। राहत की बात यह रही कि जिस समय यह हादसा हुआ, उस वक्त कोई भी दोपहिया या अन्य वाहन ट्रॉली की बगल से नहीं गुजर रहा था, अन्यथा कोई बड़ी जनहानि हो सकती थी। ट्रैक्टर चालक सुरक्षित है और वह तुरंत मिस्त्री व सहायता के लिए रवाना हो गया।
सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर पहुँचकर स्थिति को संभाला। यातायात को सुचारू बनाए रखने के लिए नेशनल हाईवे के उस हिस्से को कुछ समय के लिए बंद कर दिया गया और वाहनों को नीचे सर्विस लेन की ओर डायवर्ट कर दिया गया। सर्विस लेन पर दबाव बढ़ने के कारण ट्रैफिक की गति काफी धीमी रही। पुलिस ने तुरंत हाइड्रा और क्रेन को मौके पर बुलवाया ताकि पलटी हुई ट्रॉली को सीधा कर हाईवे से हटाया जा सके।
जांच अधिकारी ने बताया कि टायरों के नट टूटने की वजह से यह हादसा हुआ है। फिलहाल हाईवे को खाली कराने के प्रयास जारी हैं ताकि यातायात को पुनः सामान्य किया जा सके। मिस्त्री को भी मौके पर बुलाया गया है जो टायर ठीक करने का कार्य करेगा। पुलिस ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे हाईवे पर चलते समय अपने वाहनों की तकनीकी जांच नियमित रूप से करवाते रहें ताकि इस तरह के अचानक होने वाले हादसों से बचा जा सके।