करनाल: नेशनल हाईवे पर एक बार फिर रफ्तार का कहर देखने को मिला है, जहां एक कैंटर और केमिकल से भरे विशाल टैंकर के बीच हुई भीषण टक्कर ने यातायात व्यवस्था को पूरी तरह से चरमरा दिया। यह सड़क हादसा इतना गंभीर था कि टक्कर के बाद केमिकल टैंकर हाईवे के बीचों-बीच पलट गया। टैंकर पलटने के कारण उसमें भरा सिलिकॉन और गोंद जैसा चिपचिपा केमिकल झरने की तरह सड़क पर बहने लगा, जिससे पूरे नेशनल हाईवे पर जानलेवा फिसलन पैदा हो गई।
जैसे ही टैंकर को सीधा करने के लिए हाइड्रा क्रेन का उपयोग किया गया, केमिकल का रिसाव और अधिक तेज हो गया। इस ज्वलनशील पदार्थ से धुआं भी निकलता देखा गया, जिससे किसी बड़े विस्फोट या आग लगने की आशंका पैदा हो गई थी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तुरंत फायर ब्रिगेड की गाड़ियों को मौके पर बुलाया गया। दमकल कर्मियों ने लगातार पानी की बौछारें कीं ताकि केमिकल के प्रभाव को कम किया जा सके और आग लगने के किसी भी संभावित खतरे को टाला जा सके।
हादसे की जानकारी मिलते ही सदर थाना के एसएओ अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस अधिकारियों ने स्वयं आगे बढ़कर राहत कार्यों में हिस्सा लिया और क्रेन की मदद से क्षतिग्रस्त वाहनों को हटाने के लिए जंजीरें बांधीं। टक्कर इतनी भयानक थी कि कैंटर का चालक उसमें बुरी तरह फंस गया था और उसकी टांगें केबिन में दब गई थीं। प्रशासन ने बड़ी मशक्कत के बाद उसे सुरक्षित बाहर निकाला और अस्पताल पहुंचाया। वहीं, टैंकर चालक को सुरक्षित बताया जा रहा है।
हादसे के कारण नेशनल हाईवे का डिवाइडर भी पूरी तरह टूट गया और सड़क पर सीमेंट व लोहे का मलबा फैल गया। प्रशासन ने क्रेन और मलबे को साफ करने वाली मशीनों की सहायता से करीब दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद हाईवे को एक तरफ से यातायात के लिए क्लियर कराया। पानी की बौछारों से सड़क की फिसलन को भी काफी हद तक नियंत्रित किया गया, जिसके बाद धीरे-धीरे यातायात बहाल किया जा सका। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और वाहन चालकों से अपील की है कि वे हाईवे पर फिसलन को देखते हुए सावधानीपूर्वक चलें।