वैसाखी कार्यक्रम से पूर्व 100 वर्ष पूर्ण होने पर जलियांवाला बाग़ की घटना को भी किया गया याद।

0
Advertisement


शेयर करें।
  • 1
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
    1
    Share

  • भारत के इतिहास में कभी नहीं भुलाया जा सकती जलियांवाला बाग़ शाहदत की घटना : कुलजिंदर मोहन सिंह बाठ
  • वैसाखी कार्यक्रम से पूर्व 100 वर्ष पूर्ण होने पर जलियांवाला बाग़ की घटना को भी किया गया याद।

जलियांवाला बाग महान शहादत गाथा के गौरवपूर्ण 100वर्षों को समर्पित अत्यन्त भावपूर्ण व देश भक्ति के पावन भावों से सुसज्जित अत्यन्त प्रभावशाली व प्रेरणादायी कार्य क्रम का आयोजन आज दून वाटिका,दून पब्लिक व दून इन्टरनेशनल स्कूलों में किया गया । भारत के स्वतंत़्रता संग्राम के शानदार 100 वर्षों (13  अप्रैल 1919-2019) को समर्पित विशेष आयोजन में नर्सरी से बारहवीं कक्षा के छात्र-छात्राओं  ने जहाँ एक ओर देश के महान स्वतंत्रता सेनानियों को स्मरण करते हुए भावपूर्ण श्रद्धांजलि देते हुए देश भक्ति पूर्ण प्रस्तुतियॉ प्रस्तुत की।

वही कार्यक्रम का विशेष आकर्षण जलियांवाला बाग काण्ड की एक लघु नाटिका को अत्यन्त भावपूर्ण व मार्मिक ढंग से प्रस्तुत करना रहा। किरणदीप कौर,दृष्टि उप्पल, हरप्रीतकौर, अंशिका शाही, रिया, कंगना, सिमरन ,राधिका,नव्या, असमीत, कोमल , तनिष्का, सीरत लक्षिता,हिमानी,अन्नया,राधिका द्वारा प्रस्तुत शानदार देशभक्ति भावपूर्ण नाटिका की प्रस्तुति के दौरान दर्शकगण निरन्तर करतल ध्वनि प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन करते रहे तथा भारत माता की जयघोष करते रहे।

Advertisement


इसके बाद बच्चो ने पंजाबी गीतों पर भंगडा,नन्हें बच्चों ने फेंसी ड्रेस प्रतिस्पर्धा में भाग लेते हुए सभी का मन मोह लिया। जिन बच्चो को इस कार्यक्रम में सम्मानित किया गया उनमे अवन्या,हिमानी,सरगुण, मोहित, लक्षिका, सुनैना, इशिका,व तुषार मान,हर्षिता नरवाल मुख्यरूप से शामिल रहे।

इन बच्चो द्वारा कई महापुरूषों व देशभक्त क्रान्तिकारियों के रूप में फेन्सी ड्रेस प्रतिस्पर्धा में भाग लिया गया। दून ग्रुप आफ स्कूल्स के प्रबंध निदेशक कुुलजिन्द्र मोहन सिंह बाठ ने अपने संबोधन में कहा कि भारत का स्वतंत्रता संग्राम अपनी मातृभूमि के प्रप्ति निष्ठा,देशप्रेम व शूरवीरता के सुंदर भावों वअनुकरणीय व अतुल्य बहादुरी की गाथाओं का अतुलनीय वअनूठा शौर्य प्राक्रम है।जलियांवाला बाग हत्या काण्ड आजादी की लडाई में एक निर्णायक भूमिका रखता है।

इस हत्या काण्ड ने भारत के साथ साथ सम्पूर्ण विश्व को भी झकझोर कर रख दिया था। बैसाखी के पावन पर्व पर हजारों निरपराध देशवासियों का स्वतंत़्रता की बलिवेदी पर बलिदान अपने पीछे एक अमिट छाप छोड़ गया। हम सभी उन शहीदों को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित कर उनके साहसपूर्ण बलिदान को कोटि कोटि नमन करते हैं। विद्यालय की प्राचार्या जतिंदर कौर ने अपने संबोधन में कहा कि आज हम सभी यह शपथ ले की हम सभी अपने देश का चहूमुखी विकास करेंगे तथा अपना नैतिक व चारित्रिक विकास करेंगे।

अंत में स्कूल प्रबंधन ने संगीत व सांस्कृतिक कार्यक्रमों के प्रशिक्षक मनप्रीत सिंह मोण्टी व् आशीष तथा संगीत शिक्षक एंथोनी को कार्यक्रम की सफलता के लिए बधाई दी व् सम्मानित किया। राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।


शेयर करें।
  • 1
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
    1
    Share
Advertisement









LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.