- पर्यावरण संरक्षण को जीवनशैली का हिस्सा बनाना होगा – डॉ. आशिमा गक्खड़
करनाल ब्रेेकिंग न्यूज : विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर दयाल सिंह कॉलेज, करनाल एवं कॉलेज पूर्व छात्र संघ के संयुक्त तत्वावधान में पौधारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता फैलाना तथा प्रकृति के प्रति अपने दायित्वों का स्मरण कराना था। कॉलेज प्राचार्या डॉ. आशिमा गक्खड़ ने कहा कि प्रकृति ने हमें हरे-भरे वन, वृक्ष, पशु-पक्षी और स्वच्छ वातावरण प्रदान किया, किन्तु आधुनिक विकास की अंधी दौड़ में हमने वनों को काटकर कंक्रीट के जंगल खड़े कर दिए। वृक्षों के अभाव में चिड़ियों की चहचहाहट और कोयल की मधुर कूक भी धीरे-धीरे विलुप्त होती जा रही है। कृत्रिम साधनों से प्रकृति का स्थान नहीं भरा जा सकता।
बढ़ती जनसंख्या, सड़कों पर बढ़ते वाहनों और घटते वृक्षों के कारण पर्यावरण का संतुलन निरंतर बिगड़ रहा है। पर्यावरण संरक्षण केवल एक दिवस तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि इसे जीवनशैली का हिस्सा बनाना होगा। उन्होंने विद्यार्थियों से अधिक से अधिक वृक्ष लगाने, उनकी देखभाल करने तथा पर्यावरण के प्रति संवेदनशील बनने का आह्वान किया।
पूर्व छात्र संघ का प्रयास सामाजिक एवं पर्यावरणीय कार्यक्रमों का नियमित करते रहेंगे
पूर्व छात्र संघ के अध्यक्ष राजेश ग्रोवर ने कहा कि पूर्व छात्र संघ का प्रयास रहेगा कि वह भविष्य में भी कॉलेज प्रशासन के साथ मिलकर ऐसे सामाजिक एवं पर्यावरणीय कार्यक्रमों का नियमित आयोजन करता रहे, ताकि युवाओं को स्वस्थ पर्यावरण मिल सके।